खून दे रंग विच जेड़े रंगे जानगे ,,,
झंडे ओहिओ देश विच हूँ टंगे जानगे ,,,
हक देश दी जनता दे जेड़े खो लाये सरकार ने
हूँ हाथ जोड़ के नहीं होह हक मांगे झंडे ओहिओ देश विच हूँ टंगे जानगे ,,,
हक देश दी जनता दे जेड़े खो लाये सरकार ने
हूँ हाथ जोड़ के नहीं होह हक मांगे जानगे ,,
बन गे राजे जेड़े कर के धोखे साडे नाल ,,,
मगन गे न किसे तो पानी जद डंगे जानगे ,,,,,
भोकी जाओ बंग कुतिया तुसी कर कर रैलिय ,,,
पैनी कदर सदा उसदी जेड़े देश ली डंडे खान्गे ,,,,,,,
बन गे राजे जेड़े कर के धोखे साडे नाल ,,, मगन गे न किसे तो पानी जद डंगे जानगे ,,,,,
भोकी जाओ बंग कुतिया तुसी कर कर रैलिय ,,, पैनी कदर सदा उसदी जेड़े देश ली डंडे खान्गे ,,,,,,,
राजेश कोंडल "शायर"
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